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bdy spl:फिल्मों से पहले होटल में गाना गाया करती थीं ऊषा उत्थुप, लोग कहते थे आदमी

नई दिल्ली। भारतीय पॉप सिंगिंग को अलग पहचान देने वाली ऊषा उत्थुप (Usha Uthup) आठ नवंबर को अपना 72 जन्मदिन मना रही हैं। ऊषा ने पॉप संगीत के अलावा भारतीय फिल्मों में भी अपनी गायकी से लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया। कांजीवरम की साड़ी, बड़ी सी गोल बिंदी के साथ बालों में फूलों का गजरा डाले ऊषा उत्थुप नें अपनी एक अलग पचान बनाई हैंं। समय के साथ ऊषा उत्थुप के लुक में काफी परिवर्तन आया है। ऊषा के जन्मदिन पर जानें उनके बारे में कुछ रोचक तथ्य।
ऊषा उत्थुप का जन्म मद्रास के समान्य से परिवार में 8नवंबर 1947 को हुआ था। उसी साल देश भी आजाद हुआ। 20 साल की उम्र में उषा उत्थुप ने साड़ी पहन कर चेन्नई के माउंट रोड स्थित जेम्स नामक एक छोटे से नाइटक्लब में गाना शुरू किया। नाइटक्लब मालिक को ऊषा की आवाज अच्छी लगी और वहां से उन्हें गानें का मौका मिला।
पहली सफलता के बाद ऊषा उत्थुप ने मुंबई और और कलकत्ता के कई बड़े नाइटक्लब में गाना शुरू किया। इसके बाद ऊषा जब दिल्ली के दिल्ली ओबेरॉय होटल में जब गाना गाया। तो एक जानकारी के अनुसार उनकी मुलाकात यहां शशि कपूर से हुई। शशि कपूर ऊषा की गायकी से इतने प्रभावित हुए कि उन्होंने ऊषा को फिल्म में गाने का मौका दे दिया।

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इसके बाद ऊषा ने 1970 में आई 'बॉम्बे टॉकीज' फिल्म में एक अंग्रेजी गाना गाया और फिर 'हरे रामा हरे कृष्णा' फिल्म के लिए। 'हरे रामा हरे कृष्णा' फिल्म में ऊषा को आशा भोसले के साथ 'दम मारो दम'में गाने का मौका मिला लेकिन किसी वजह से वो यह गाना ना गा सकी। इसके बाद उत्थुप ने 'दम मारो दम' गाने में अंग्रेजी में कुछ लाइनें गाई थीं। अब उषा उत्थुप की अवाज एक पहचान गई थी। उन्हें एक के बाद एक कई फिल्मों में गाने का मौका दिया जाने लगा। उनके गानें देश विदेशों में सुने जाने लगे। उनकी अवाज में इतना भारीपन था कि लोग उन्हें आदमी की अवाज तक बोलने लगे थे।

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ऊषा उत्थुप ने 'शालीमार', 'शान, वारदात', 'प्यारा दुश्मन', 'अरमान', 'दौड़', 'अरमान', 'डिस्को डांसर', 'भूत', 'जॉगर्स पार्क' और 'हैट्रिक' जैसी फिल्मों में गाए गए उनके गीत सराहे गए। उनकी जुगलबंदी आरके वर्मन और बप्पी लहरी के साथ भी देखने को मिली। इन्होंने सबसे ज्यादा गीत इन्हीं संगीतकारों के साथ गाए। विशाल भारद्वाज की फिल्म 'सात खून माफ' में रेखा भारद्वाज के साथ गाए गए गीत 'डार्लिंग' से उन्होंने खूब सुर्खिया बटोरीं। ऊषा का प्रियंका चोपड़ा की फिल्म सात खून माफ में गाया गाना डार्लिंग भी काफी चर्चा में रहा।
'डार्लिंग' गाने के लिए ऊषा ने साल 2012 में फिल्मफेयर अवॉर्ड बेस्ट सिंगर फीमेल भी जीता था। समय के साथ ऊषा उत्थुप के लुक में भी काफी बदलाव आ गया है। यहां तक कि कुछ तस्वीरों में उन्हें पहचानना भी मुश्किल है



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bdy spl:फिल्मों से पहले होटल में गाना गाया करती थीं ऊषा उत्थुप, लोग कहते थे आदमी bdy spl:फिल्मों से पहले होटल में गाना गाया करती थीं ऊषा उत्थुप, लोग कहते थे आदमी Reviewed by N on November 08, 2019 Rating: 5

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